जिस क्रिया द्वारा ताप बिना किसी भौतिक माध्यम के एक वस्तु से दूसरी वस्तु में प्रवेश करता है उस क्रिया को विकिरण कहते हैं। वस्तुतः प्रत्येक वस्तु एक निश्चित तापमान पर अपनी ऊष्मा को विभिन्न प्रकार की तरंगों द्वारा छोड़ती है। यही विकिरण के कई रूप हैं। जब कोई वस्तु किसी तापमान पर हर प्रकार की तरंगों द्वारा अधिकतम ताप छोड़ती है तो उसे ब्लेक बॉडी (Black Body) कहा जाता है और उससे होने वाले विकिरण को कृष्णिका विकिरण (Black body Radiation) कहते हैं। पृथ्वी के धरातल से होने वाला विकिरण दूसरे प्रकार का होता. है। किन्तु उसी तापमान पर जब कोई वस्तु केवल कुल विशेष तरंगों के रूप में ही विकिरण करती है तो उसे वर्णात्मक विकिरण (Selective Radiation) कहा जाता है। वायुमण्डल की कुछ गैसें वरणात्मक विकिरण ही करती हैं। पृथ्वी सौर्थिक ऊर्जा का 51% भौग प्राप्त करती है। सूर्य से आने वाली यह ऊर्जा सूक्ष्म लहरों के रूप में आती है जो धरातल द्वारा ग्रहण की जाती है। धरातल इसे ग्रहण कर ऊष्मा में बदल देती है। सौर्थिक ऊर्जा को इस प्रकार ग्रहण करने और उसे ऊष्मा में बदल देने से धरातल गरम हो उठता है। फलस्वरूप तप्त धरात...
Prithvi Network Matlab study ka addaa